रोग एवं उपचार

प्राकृतिक चिकित्सा, योग एवं स्वस्थ जीवनशैली के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य की ओर
स्वास्थ्य मंदिर में विभिन्न जीवनशैली संबंधी एवं दीर्घकालिक स्वास्थ्य समस्याओं के लिए प्राकृतिक चिकित्सा, योग, पंचकर्म, आहार चिकित्सा एवं अन्य प्राकृतिक उपचार पद्धतियों का उपयोग किया जाता है। प्रत्येक व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार उपचार योजना तैयार की जाती है।

हम किन रोगों के लिए उपचार प्रदान करते हैं?

शरीर में असंतुलित जीवनशैली, तनाव, अनुचित आहार एवं शारीरिक निष्क्रियता के कारण अनेक रोग उत्पन्न होते हैं। प्राकृतिक चिकित्सा का उद्देश्य शरीर की प्राकृतिक उपचार क्षमता को जागृत कर स्वास्थ्य सुधार की दिशा में कार्य करना है।

मधुमेह (Diabetes)

मधुमेह एक जीवनशैली संबंधी समस्या है जो शरीर की रक्त शर्करा को प्रभावित करती है।योग, प्राकृतिक आहार, नियमित दिनचर्या एवं प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से स्वास्थ्य सुधार हेतु सहयोग प्रदान किया जाता है।

मोटापा

अत्यधिक वजन अनेक अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है। प्राकृतिक आहार, योग, व्यायाम एवं उपचार पद्धतियों द्वारा वजन प्रबंधन में सहायता की जाती है।

उच्च एवं निम्न रक्तचाप

अनियमित जीवनशैली एवं तनाव रक्तचाप को प्रभावित कर सकते हैं। योग, ध्यान एवं प्राकृतिक उपचार के माध्यम से स्वास्थ्य संतुलन की दिशा में कार्य किया जाता है।

जोड़ों का दर्द

घुटनों, कमर, गर्दन एवं अन्य जोड़ों में दर्द एवं जकड़न की समस्या के लिए फिजियोथेरेपी, योग एवं प्राकृतिक उपचार पद्धतियाँ उपयोग की जाती हैं।

अस्थमा

श्वसन तंत्र से जुड़ी समस्याओं में योग, प्राणायाम एवं प्राकृतिक चिकित्सा सहायक भूमिका निभा सकती है।

माइग्रेन

बार-बार होने वाले सिरदर्द एवं माइग्रेन जैसी समस्याओं में प्राकृतिक जीवनशैली, योग एवं विश्राम तकनीकों का उपयोग किया जाता है।

साइनोसाइटिस

नाक एवं श्वसन मार्ग से जुड़ी समस्याओं में योग क्रियाएँ एवं प्राकृतिक उपचार पद्धतियाँ अपनाई जाती हैं।

हाइपर एसिडिटी

अनियमित खान-पान एवं तनाव के कारण होने वाली अम्लता संबंधी समस्याओं में प्राकृतिक आहार एवं जीवनशैली सुधार पर विशेष ध्यान दिया जाता है।

कब्ज

पाचन तंत्र की समस्याओं में प्राकृतिक आहार, जल चिकित्सा एवं योग महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

बवासीर

पाचन एवं जीवनशैली से जुड़ी इस समस्या में प्राकृतिक चिकित्सा एवं आहार सुधार की सहायता ली जाती है।

त्वचा रोग

त्वचा से संबंधित विभिन्न समस्याओं में शरीर की आंतरिक शुद्धि एवं प्राकृतिक उपचार पद्धतियों का उपयोग किया जाता है।

किडनी संबंधी समस्याएँ

उचित आहार, प्राकृतिक जीवनशैली एवं चिकित्सकीय मार्गदर्शन के साथ स्वास्थ्य सुधार हेतु सहयोग प्रदान किया जाता है।

लीवर संबंधी समस्याएँ

शरीर की प्राकृतिक शुद्धि प्रक्रिया एवं संतुलित आहार के माध्यम से स्वास्थ्य सुधार की दिशा में कार्य किया जाता है।

प्रोस्टेट संबंधी समस्याएँ

प्राकृतिक चिकित्सा एवं स्वास्थ्यवर्धक जीवनशैली के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य हेतु सहयोग प्रदान किया जाता है।

प्राकृतिक चिकित्सा क्यों जरुरी है ?

  • शरीर की प्राकृतिक उपचार क्षमता को जागृत करने का प्रयास
  • योग एवं स्वस्थ जीवनशैली पर आधारित दृष्टिकोण
  • प्राकृतिक आहार एवं दिनचर्या पर विशेष ध्यान
  • मानसिक एवं शारीरिक संतुलन पर कार्य
  • समग्र स्वास्थ्य सुधार की दिशा में प्रयास